अयोध्या, , 02 सितंबर। Ram Mandir CEO: श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने एक बड़ा प्रशासनिक फैसला लेते हुए एयर मार्शल (रिटायर्ड) जितेंद्र मिश्र को अपना पहला मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त किया है। अब वे राम मंदिर के प्रशासनिक, वित्तीय और कानूनी प्रबंधन से जुड़ी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभालेंगे।

ट्रस्ट के इस फैसले को राम मंदिर व्यवस्था को अधिक पेशेवर, पारदर्शी और मजबूत बनाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। खास बात यह है कि CEO पद के लिए 5500 से अधिक आवेदन आए थे।
5500 से ज्यादा आवेदन, ऐसे हुआ चयन
CEO पद के लिए बड़ी संख्या में आवेदन मिलने के बाद तीन सदस्यीय सर्च कमेटी ने उम्मीदवारों की जांच की। इसके बाद कमेटी ने तीन नामों का पैनल ट्रस्ट को सौंपा, जिसमें से एयर मार्शल (रिटायर्ड) जितेंद्र मिश्र के नाम पर अंतिम मुहर लगी। यह नियुक्ति चढ़ावे की चोरी से जुड़े विवाद के बाद ट्रस्ट की व्यवस्थाओं को और अधिक व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने के प्रयास के तौर पर भी देखी जा रही है।
एयर मार्शल जितेंद्र मिश्र का शानदार सैन्य करियर
एयर मार्शल (रिटायर्ड) जितेंद्र मिश्र भारतीय वायुसेना के वरिष्ठ और अनुभवी अधिकारियों में रहे हैं। उन्होंने 1 जनवरी 2025 से 30 अप्रैल 2026 तक वेस्टर्न एयर कमांड के एयर ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ (AOC-in-C) के रूप में सेवाएं दीं। उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले के भाटपार रानी थाना क्षेत्र स्थित भोपतपुरा गांव से संबंध रखने वाले जितेंद्र मिश्र ने अपने लंबे सैन्य करियर में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाली हैं।
उनके प्रमुख पदों में शामिल हैं-
- डिप्टी चीफ ऑफ इंटीग्रेटेड डिफेंस स्टाफ (ऑपरेशंस)
- एयरक्राफ्ट एंड सिस्टम्स टेस्टिंग एस्टैब्लिशमेंट (ASTE) के कमांडेंट
- दो फ्रंटलाइन एयर बेस के एयर ऑफिसर कमांडिंग
- फाइटर स्क्वाड्रन के कमांडिंग ऑफिसर
- चीफ टेस्ट पायलट
उन्हें सर्वोत्तम युद्ध सेवा मेडल (SYSM), अति विशिष्ट सेवा मेडल (AVSM) और विशिष्ट सेवा मेडल (VSM) से भी सम्मानित किया जा चुका है।
CEO के तौर पर क्या होंगी जिम्मेदारियां?
राम मंदिर के पहले CEO के रूप में जितेंद्र मिश्र मंदिर से जुड़े कई अहम कार्यों की निगरानी करेंगे। उनकी जिम्मेदारियों में शामिल होंगे-
- मंदिर का दैनिक प्रशासन
- वित्तीय प्रबंधन
- सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी
- श्रद्धालुओं के लिए सुविधाओं का बेहतर संचालन
- कानूनी मामलों की देखरेख
- प्रशासनिक व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही
ट्रस्ट के अनुसार CEO ट्रस्ट के अधीन कार्य करेंगे और भक्तों का विश्वास बनाए रखना उनकी प्राथमिक जिम्मेदारियों में शामिल होगा।
सैन्य अनुशासन से मजबूत होगी व्यवस्था
एयर मार्शल जितेंद्र मिश्र का लंबा सैन्य और प्रशासनिक अनुभव राम मंदिर ट्रस्ट के कामकाज को नई मजबूती दे सकता है। माना जा रहा है कि उनका अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और बड़े संगठनों के प्रबंधन का अनुभव मंदिर की प्रशासनिक व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने में मदद करेगा। राम मंदिर में देश-दुनिया से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। ऐसे में प्रशासन, सुरक्षा और श्रद्धालुओं की सुविधाओं के बेहतर प्रबंधन के लिए CEO की नियुक्ति को एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

