गरियाबंद, 09 फरवरी। Atmanand School : स्वामी आत्मानंद स्कूल में प्राचार्या को लेकर चल रहा विवाद अब और गंभीर होता नजर आ रहा है। प्राचार्या वंदना पांडेय के खिलाफ अब स्कूली छात्र-छात्राएं भी खुलकर मैदान में उतर आए हैं। सैकड़ों की संख्या में छात्र और छात्राएं पैदल मार्च करते हुए कलेक्ट्रेट कार्यालय की ओर निकल पड़े।
BEO ने की स्थिति को कंट्रोल में लाने की कोशिश
बताया जा रहा है कि आत्मानंद स्कूल से लगभग 2 किलोमीटर दूर स्थित कलेक्ट्रेट तक पहुंचने के लिए छात्रों ने शांतिपूर्ण मार्च शुरू किया। रास्ते में स्कूल शिक्षकों के साथ-साथ ब्लॉक शिक्षा अधिकारी ने छात्रों को रोकने की कोशिश भी की, लेकिन छात्र अपनी मांगों पर अड़े रहे। छात्रों का आरोप है कि प्राचार्या वंदना पांडेय द्वारा उन्हें मानसिक प्रताड़ना दी जा रही है, साथ ही इंटरशिप के नाम पर पैसे मांगने जैसे गंभीर आरोप भी लगाए गए हैं।
छात्रों का कहना है कि प्राचार्या के निलंबन के बाद जब उन्हें दोबारा आत्मानंद स्कूल में बहाल किया गया, तभी से शिक्षकों ने विरोध शुरू कर दिया था और अब छात्र भी इस आंदोलन में शामिल हो गए हैं। छात्रों ने साफ चेतावनी दी है कि जब तक प्राचार्या को आत्मानंद स्कूल से हटाया नहीं जाता, तब तक वे कलेक्ट्रेट परिसर में ही धरने पर बैठे रहेंगे। मामले को लेकर शिक्षा विभाग और जिला प्रशासन की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं।
छात्रों और शिक्षकों के दबाव में झुका प्रशासन
आखिरकार छात्रों, शिक्षकों और शिक्षा के हित में हो रहे लगातार विरोध के आगे प्रशासन को झुकना पड़ा। स्वामी आत्मानंद स्कूल की प्राचार्य वंदना पांडे को पद से हटा दिया गया है। जिला शिक्षा अधिकारी ने उनकी बहाली के आदेश को निरस्त कर दिया है।
बताया जा रहा है कि 17 अक्टूबर को प्राचार्य वंदना पांडे को स्वामी आत्मानंद स्कूल से निलंबित किया गया था। इसके बाद जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा उन्हें पुनः उसी स्कूल में बहाल कर दिया गया, जिसके आदेश 29 जनवरी को जारी हुए। इस आदेश के बाद से ही स्कूल में लगातार विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया था।
5 फरवरी को स्वामी आत्मानंद स्कूल के सभी शिक्षकों ने प्राचार्य के खिलाफ मोर्चा खोल दिया और उन पर मानसिक प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए। वहीं प्राचार्य पर वसूली के आरोप भी पूर्व में लगाए जा चुके हैं।
मामला यहीं नहीं रुका। सोमवार को सैकड़ों की संख्या में छात्र और छात्राएं प्राचार्य को हटाने की मांग को लेकर कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचे और जोरदार प्रदर्शन किया। छात्रों और शिक्षकों की बढ़ती नाराजगी को देखते हुए जिला शिक्षा अधिकारी ने बड़ा निर्णय लेते हुए प्राचार्य वंदना पांडे की स्वामी आत्मानंद स्कूल में बहाली को निरस्त कर दिया। फिलहाल प्रशासन की ओर से आगे की कार्रवाई को लेकर जांच प्रक्रिया जारी रहने की बात कही जा रही है।


