रायपुर, 17 दिसंबर। Excise Scam : छत्तीसगढ़ में कथित शराब (आबकारी) घोटाले से जुड़ी एक बड़ी कार्रवाई सामने आई है। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने पूर्व मुख्यमंत्री की उपसचिव रहीं सौम्या चौरसिया को गिरफ्तार कर लिया है। यह गिरफ्तारी आबकारी घोटाले के सिलसिले में की गई है।
मिली जानकारी के अनुसार, ईडी ने सौम्या चौरसिया को पहले पूछताछ के लिए नोटिस जारी किया था। पूछताछ के बाद एजेंसी ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। ईडी अब बुधवार को सौम्या चौरसिया को विशेष अदालत में पेश करेगी।
सूत्रों के मुताबिक, प्रवर्तन निदेशालय कोर्ट से कस्टोडियल रिमांड की मांग कर सकती है, ताकि मामले से जुड़े अहम तथ्यों, पैसों के लेन-देन और अन्य आरोपियों की भूमिका को लेकर गहन पूछताछ की जा सके। बताया जा रहा है कि यह मामला छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाले से जुड़ा है, जिसकी जांच ईडी द्वारा लंबे समय से की जा रही है। इस कार्रवाई के बाद राज्य की राजनीति में भी हलचल तेज हो गई है।
कौन है सौम्या चौरसिया
2008 में राज्य सेवा के लिए चयनित सौम्या भूपेश बघेल की करीबी रहीं। मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के तीन दिन बाद ही भूपेश बघेल ने उन्हें अपना उपसचिव बना दिया था। भूपेश सरकार के दौरान सौम्या को प्रदेश की सबसे अधिक प्रभावशाली और ताकतवर अधिकारी माना जाता था। कोरबा के एक मध्यम परिवार में जन्मी सौम्या तीन भाई बहनों में सबसे बड़ी हैं।
उन्होंने अपनी पढ़ाई पूरी करने के बाद 2008 में सीजीपीएसी की परीक्षा पास की। 2011 में ट्रेंनिंग के बाद उन्हें सबसे पहले पेंड्रा और बिलासपुर में एसडीएम का पद पर पोस्टिंग मिली। 2011 में उनका ट्रांसफर दुर्ग जिले में हुआ। वहां वह भिलाई और पाटन की एसडीएम रहीं।

