नगालैंड में 11 लोगों की मौत के बाद बवाल, सेना ने दिए कोर्ट आफ इंक्वायरी के आदेश

नई दिल्ली, 5 दिसंबर। पूर्वोत्तर राज्य नगालैंड में शनिवार को फायरिंग की एक घटना में 11 लोगों के मारे जाने की खबर है। यह घटना नगालैंड के मोन जिले के ओटिंग की है। मुख्यमंत्री नेफियो रियो ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। इसके साथ ही उन्होंने मामले की जांच के लिए एक एसआइटी टीम गठित करने के आदेश दिए हैं।
Based on credible intelligence of likely movement of insurgents, a specific op was planned in Tiru, Mon District, #Nagaland. Cause of loss of lives being probed by a Court of Inquiry at highest level & appropriate action will be taken: Assam Rifles officials
बताया जा रहा है कि सुरक्षाबलों ने आतंकवादी समझकर कुछ लोगों पर फायरिंग कर दी जिसमें कई लोगों के मारे जाने की खबर है। इस घटना के बाद लोग गुस्से में आ गए हैं और उन्होंने सुरक्षाबलों की गाड़ियों में आग लगा दी।
गृह मंत्री अमित शाह ने इस घटना पर दुख व्यक्त किया है। अमित शाह ने ट्वीट कर कहा, ‘नागालैंड के ओटिंग में दुर्भाग्यपूर्ण घटना से व्यथित हूं। घटना में जिन्होंने अपनी जान गंवाई मैं उनके परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करता हूं। राज्य सरकार द्वारा गठित एक उच्च स्तरीय SIT शोक संतप्त परिवारों को न्याय सुनिश्चित करने के लिए इस घटना की गहन जांच करेगी।’
“The unfortunate incident leading to the killing of civilians at Oting, Mon is highly condemnable. High-level SIT will investigate & justice delivered as per the law of the land. Appeal for peace from all sections,” tweets Chief Minister of Nagaland, Neiphiu Rio pic.twitter.com/I267pQiQ8r
सैन्य अधिकारियों के मुताबिक, म्यांमार की सीमा से लगने वाले मोन जिले में उग्रवादियों की संभावित गतिविधियों की विश्वसनीय खुफिया जानकारी के आधार पर उग्रवाद रोधी अभियान चलाया गया था। सेना ने कहा, ‘यह घटना और इसके बाद जो हुआ, वह अत्यंत खेदजनक है। लोगों की मौत की इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना के कारणों की ‘कोर्ट आफ इन्क्वायरी’ के जरिए उच्चतम स्तर पर जांच की जा रही है और कानून के अनुसार उचित कार्रवाई की जाएगी।’
बयान में कहा गया है कि इस अभियान में सुरक्षाकर्मी भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं और एक जवान की मौत हो गई है। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और सेना प्रमुख जनरल एम एम नरवणे को घटना की जानकारी दी गई है।