Death by Drowning : बिलासपुर से दुखद खबर…! तालाब में डूबने से 2 युवकों की मौत…देर रात इस तरह किया बॉडी रेस्क्यू…तीन साल में 17 लोगों की डूबने से मौत…आंकड़े यहां देखें

Death by Drowning : बिलासपुर से दुखद खबर…! तालाब में डूबने से 2 युवकों की मौत…देर रात इस तरह किया बॉडी रेस्क्यू…तीन साल में 17 लोगों की डूबने से मौत…आंकड़े यहां देखें

क्राइम रिपोर्टर, 02 मार्च बिलासपुर। Death by Drowning : सरकंडा थाना क्षेत्र में रविवार शाम अमहा तालाब में नहाने गए दो युवकों की डूबने से मौत हो गई। दोनों के शव नगर सेना के गोताखोरों ने देर रात तालाब से बाहर निकाले। घटना के बाद परिजनों में मातम पसरा हुआ है।

ऐसे हुआ हादसा

पुलिस के अनुसार, बंधवापारा निवासी हिमांशु चहाण्डे (21) और देवरीखुर्द निवासी शिवम मानिकपुरी (20) अपने चार अन्य दोस्तों के साथ खमतराई स्थित अमहा तालाब घूमने गए थे। सभी तालाब किनारे एक पेड़ के नीचे बैठे थे। शाम करीब 4 बजे हिमांशु और शिवम ने नहाने की इच्छा जताई और कपड़े उतारकर तालाब में कूद गए।

नहाते समय दोनों अचानक गहरे पानी में चले गए। तैरना नहीं आने के कारण वे डूबने लगे। साथियों ने बचाने की कोशिश की, लेकिन तब तक दोनों पानी में समा चुके थे। बचाव के लिए कूदे एक अन्य युवक को भी तैरना नहीं आता था, जिसे अन्य दोस्तों ने किसी तरह बाहर निकाला।

देर रात निकाले गए शव

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और नगर सेना के गोताखोरों को बुलाया गया। कड़ी मशक्कत के बाद देर रात दोनों युवकों के शव बरामद कर लिए गए। हादसे की खबर मिलते ही परिजन भी मौके पर पहुंच गए। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था।

तीन साल में 17 लोगों की डूबने से मौत

शहर में पिछले तीन वर्षों में तालाब और खदानों में डूबने से 17 लोगों की जान जा चुकी है, जिनमें 15 किशोर शामिल हैं।

वर्षमौत
202506
202405
202306

प्रदेश में प्राकृतिक आपदाओं का आंकड़ा चिंताजनक

प्रदेश में पिछले दो वर्षों में प्राकृतिक आपदाओं से 7,022 लोगों की मौत हुई है। वर्ष 2024-25 में पानी में डूबने से सर्वाधिक 3,122 लोगों की जान गई। राज्य के 33 जिलों में प्राकृतिक आपदाओं से होने वाली मौतों में सूरजपुर पहले स्थान पर है, जबकि बिलासपुर दूसरे और कोरबा तीसरे स्थान पर हैं।

प्रशासन द्वारा तालाबों और खदानों के आसपास सुरक्षा इंतजामों को लेकर समय-समय पर निर्देश दिए जाते रहे हैं, बावजूद इसके लापरवाही और तैराकी नहीं आने के कारण हादसे लगातार सामने आ रहे हैं।

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