
रायपुर, 6 मई। CG Chamber : केंद्रीय पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय द्वारा जारी गजट एक्ट को छत्तीसगढ़ की लघु खनिज खदानों में लागू कराने के लिए चैंबर ने वन एवं पर्यावरण मंत्री मोहम्मद अकबर से मुलाकात की।
केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय नई दिल्ली द्वारा सभी पर्यावरण स्वीकृति को राजपत्र भारत के राजपत्र असाधारण, भाग 2 खण्ड़ 3 उपखण्ड़ 2, संख्या 1720, दिनांक 12.04.2022 के द्वारा 30 वर्ष या खनिज पट्टे वैधता अवधि के लिये मान्य कर लिया गया है। जिसे सम्पुर्ण प्रदेश में लागु करवाने के लिए मंत्री मो. अकबर से चेम्बर के प्रतिनिधि मंड़ल नें मुलाकात की जिस पर मंत्री ने बहुत सकारात्मक प्रतिक्रिया के साथ राजपत्र के दिशा निर्देशों को प्रदेश में लागु करने का आश्वासन दिया।
चेम्बर प्रदेश अध्यक्ष (CG Chamber) अमर पारवानी ने कहा है कि छत्तीसगढ़ के गौण खनिज खदानों में केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय नई दिल्ली द्वारा सभी पर्यावरण स्वीकृति जिसके अंतर्गत खनन परियोजनाओं के लिए दी गई पूर्व पर्यावरण मंजूरी, समय समय पर, अधिकतम तीस वर्ष, जो भी पहले हो, के अधीन, सक्षम प्राधिकारी द्वारा अनुमोदित और नवीनीकृत खनन योजना में निर्धारित परियोजना जीवन के लिए मान्य होगी।
पारवानी ने आगे कहा कि पर्यावरण स्वीकृति के अंतर्गत पर्यावरणीय सुरक्षा के मापदंडों की मजबूती को सुनिश्चित किया जा सकेगा ताकि भविष्य में औद्योगिक विकास एवं पर्यावरण के मध्य सन्तुलन बना रहे। इसी तारतम्य में आज चेम्बर के प्रतिनिधि मंड़ल नें माननीय मोहम्मद अकबर मंत्री, वन एवं पर्यावरण विभाग, छत्तीसगढ़ शासन से मुलाकात कर राजपत्र के दिशा निर्देशों को प्रदेश में लागु करवानें हेतु ज्ञापन सौंपा।
इस मौके पर महामंत्री (CG Chamber) अजय भसीन, कोषाध्यक्ष उत्तम गोलछा, कार्यकारी अध्यक्ष राजेंद्र जग्गी, विक्रम सिंहदेव, राम मंधान, मनमोहन अग्रवाल, राजधानी क्रशर उद्योग संघ के अध्यक्ष राकेश दुबे, महासचिव विजय जादवानी, उपाध्यक्ष भूपेन्द्र बंसल एवं कार्यकारिणी सदस्य अनूप अग्रवाल शामिल हुए।