बिलासपुर, 17 अप्रैल। ASI Suspension : छत्तीसगढ़ के रतनपुर थाना में पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठे हैं। अपने केस की जानकारी लेने पहुंचे एक पीड़ित के साथ कथित मारपीट के मामले में ASI को सस्पेंड कर दिया गया है। SSP रजनेश सिंह ने आरोपी ASI दिनेश तिवारी के खिलाफ FIR दर्ज कराते हुए विभागीय जांच के आदेश दिए हैं।
बिलासपुर जिले के रतनपुर थाना क्षेत्र में पुलिस के व्यवहार को लेकर एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। बनियापारा निवासी विनोद जायसवाल 12 अप्रैल को अपने पुराने केस की स्थिति जानने के लिए थाना पहुंचे थे। दोपहर करीब 2:30 बजे उन्होंने ASI दिनेश तिवारी से जांच रिपोर्ट कोर्ट में पेश करने को लेकर जानकारी मांगी। इसी दौरान दोनों के बीच विवाद हो गया, जो देखते ही देखते हिंसक रूप ले बैठा।
पीड़ित का आरोप है कि ASI ने गाली-गलौज करते हुए उन्हें 15 से 20 थप्पड़ मारे, जिससे उनका कान सुन्न पड़ गया। इतना ही नहीं, ASI ने कथित तौर पर धमकी भी दी, बहुत बड़ा नेता है, तेरी नेतागिरी निकाल दूंगा, तुझे जेल भिजवा दूंगा। घटना के समय थाने में अन्य पुलिसकर्मी भी मौजूद थे, लेकिन किसी ने हस्तक्षेप नहीं किया।
रिश्वत मांगने का भी आरोप
मामले में एक और गंभीर आरोप सामने आया है कि ASI ने जांच रिपोर्ट कोर्ट में पेश करने के बदले रिश्वत की मांग की थी।घटना की जानकारी मिलते ही थाना प्रभारी और ट्रेनी IPS अंशिका जैन ने वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया। इसके बाद पीड़ित ने SSP से शिकायत की।
मामले को गंभीरता से लेते हुए SSP रजनेश सिंह ने तत्काल कार्रवाई करते हुए ASI दिनेश तिवारी (ASI Suspension) को सस्पेंड कर दिया और उनके खिलाफ FIR दर्ज कर विभागीय जांच के आदेश दिए। मारपीट के बाद पीड़ित को सुनने में परेशानी और सिरदर्द की शिकायत है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।


