जबलपुर, 01 मई। Heartbreaking Boat Accident : मध्यप्रदेश के जबलपुर स्थित बरगी इलाके में हुए दर्दनाक हादसे से जुड़ी एक ऐसी तस्वीर सामने आई है, जिसने हर किसी को भावुक कर दिया। हादसे में अब तक 9 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि रेस्क्यू ऑपरेशन लगातार जारी है।
सबसे दिल दहला देने वाला दृश्य उस वक्त सामने आया, जब बचाव दल ने एक महिला का शव बाहर निकाला। महिला के साथ उसका करीब 3 साल का बच्चा भी मिला, जो लाइफ जैकेट पहने हुए अपनी मां के गले से लिपटा हुआ था। यह दृश्य वहां मौजूद हर शख्स की आंखें नम कर गया।

स्थानीय प्रशासन और बचाव टीमों ने बताया कि हादसे के बाद से लगातार सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। मृतकों की पहचान की प्रक्रिया भी जारी है। इस हादसे ने पूरे इलाके में शोक का माहौल पैदा कर दिया है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, घटना के बाद मौके पर मौजूद लोग खुद को संभाल नहीं पाए और कई लोग रो पड़े। यह हादसा एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था और सावधानियों पर सवाल खड़े कर रहा है।
कैसे हुआ हादसा
अधिकारियों के मुताबिक, गुरुवार शाम 29 यात्रियों और 2 चालक दल के सदस्यों को लेकर जा रही क्रूज नाव अचानक आए तेज तूफान के कारण पलट गई। तेज हवाओं और ऊंची लहरों के बीच नाव संतुलन खो बैठी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, यात्रियों ने नाव किनारे लगाने की गुहार लगाई, लेकिन आवाज चालक दल तक नहीं पहुंच सकी और हादसा हो गया। पर्यटन मंत्री धर्मेंद्र भाव सिंह लोधी ने बताया कि पहले 4 शव मिले थे, जबकि बाद में 5 और शव बरामद होने के बाद मृतकों की संख्या बढ़कर 9 हो गई है। बचाव दल अब भी लापता लोगों की तलाश में जुटा है।
24 लोग सुरक्षित
प्रशासन के अनुसार, 24 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया है। इनमें से कुछ घर लौट चुके हैं, जबकि कई घायलों का इलाज मेडिकल कॉलेज में चल रहा है।
मेडिकल कॉलेज में राखी सोनी, विक्की सोनी, समृद्धि सोनी, आराध्या सोनी, मोहित नामदेव, अनामिका सोनी, रियाज हुसैन, तनिष्क वास, तनिष्का वास और जूलियस मैसी भर्ती है।
सुरक्षित घर लौटने वालों में इनिया, के. पूर्वी थारन, मनोज वास, कियान वर्मा, रोशन आनंद वर्मा, सरिता वर्मा, वृंदा और महेश पटेल शामिल हैं। अन्य सुरक्षित व्यक्तियों में छोटे लाल गौड़, अंशिका वास, मंजू खड्गा (काठमांडू), जफर, सिया मैसी और करण वर्मा शामिल हैं।
रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
सेना, NDRF और SDRF की टीमें लगातार सर्च ऑपरेशन (Heartbreaking Boat Accident) चला रही हैं। हाइड्रोलिक क्रेन की मदद से क्रूज को बाहर निकालने की कोशिश की जा रही है। स्थानीय लोग भी बचाव कार्य में सहयोग कर रहे हैं। हादसे के बाद सुरक्षा व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। लाइफ जैकेट की उपलब्धता और उपयोग को लेकर भी जांच की बात सामने आई है। प्रशासन ने पूरे मामले की विस्तृत जांच के आदेश दे दिए हैं।

