रायगढ़, 13 मई। Online Betting Racket : छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में पुलिस ने IPL ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क पर बड़ी कार्रवाई करते हुए 1 करोड़ से ज्यादा कैश, नोट गिनने की मशीन और मोबाइल जब्त किए। हवाला और ब्लैक मनी कनेक्शन की जांच जारी।
रायगढ़ में IPL ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क पर पुलिस ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ों रुपये कैश बरामद किए हैं। पुलिस जब छापेमारी करने पहुंची तो फ्लैट के अंदर नोटों के बंडल देखकर अफसरों के भी होश उड़ गए। हालात ऐसे थे कि कैश गिनने के लिए नोट गिनने की मशीन बुलानी पड़ी। रायगढ़ पुलिस ने कार्रवाई में 1 करोड़ 2 लाख 81 हजार 300 रुपये नकद, नोट गिनने की मशीन, 4 मोबाइल फोन और अन्य सामग्री जब्त की है। मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
रायपुर से दिल्ली तक फैला था नेटवर्क
पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि यह कोई छोटा-मोटा सट्टा गिरोह नहीं, बल्कि रायगढ़, सक्ती, रायपुर, बिलासपुर से लेकर दिल्ली तक फैला बड़ा ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा सिंडिकेट था। पुलिस के मुताबिक आरोपी करन चौधरी उर्फ करन अग्रवाल लंबे समय से इस नेटवर्क को ऑपरेट कर रहा था।
सट्टे से कमाए गए पैसों को सीधे रखने के बजाय पेट्रोल पंप, मेडिकल स्टोर और अन्य कारोबारियों के जरिए कैश डंप किया जाता था। बाद में हवाला चैनलों के जरिए रकम आगे ट्रांसफर होती थी।
कृष्ण प्राइड टावर में छापा, करोड़ों कैश बरामद
पुलिस को जांच के दौरान कृष्ण प्राइड टावर स्थित फ्लैट की जानकारी मिली, जहां छापेमारी में सुनील अग्रवाल के कब्जे से 50 लाख रुपये नकद और नोट गिनने की मशीन बरामद हुई। वहीं पुष्कर अग्रवाल के पास से 52.60 लाख रुपये नकद मिले।
जांच में मोबाइल चैट, यूपीआई ट्रांजेक्शन, डिजिटल रिकॉर्ड और वित्तीय दस्तावेजों के जरिए पूरे नेटवर्क की परतें खुलती गईं। पुलिस का कहना है कि आरोपी जांच एजेंसियों से बचने के लिए कर्मचारियों और परिचितों के बैंक खातों व मोबाइल नंबरों का इस्तेमाल कर रहे थे।
खाईवाल करन चौधरी और गुड्डा सरदार के इशारे पर चलता था खेल
पूरे नेटवर्क के तार कथित खाईवाल Karan Chaudhary और फरार आरोपी Jasmeet Singh Bagga से जुड़े मिले हैं। पुलिस के अनुसार दोनों मिलकर रायगढ़, सक्ती, खरसिया और रायपुर में ऑनलाइन IPL सट्टा संचालित कर रहे थे। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक करन चौधरी के खिलाफ जुआ-सट्टा, मारपीट, रंगदारी, अपहरण और आत्महत्या के लिए उकसाने जैसे कई गंभीर मामले पहले से दर्ज हैं। उस पर पूर्व में प्रतिबंधात्मक कार्रवाई भी की जा चुकी है।
SSP शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश
पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 111 (संगठित अपराध) भी जोड़ी है। अधिकारियों (Online Betting Racket) का कहना है कि यह सिर्फ सट्टेबाजी नहीं बल्कि हवाला, ब्लैक मनी और संगठित आर्थिक अपराध का बड़ा नेटवर्क है। SSP शशि मोहन सिंह ने कहा कि जिले में सट्टा, हवाला और ब्लैक मनी से जुड़े किसी भी नेटवर्क को बख्शा नहीं जाएगा। आर्थिक अपराधों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

