रायपुर, 17 अक्टूबर। CG Teacher Transfer: छत्तीसगढ़ के स्कूल शिक्षा विभाग में 19 शासकीय कर्मचारियों के स्थानांतरण से जुड़ा कथित फर्जी आदेश सामने आया है। लोक शिक्षण संचालनालय ने 6 अगस्त 2026 की तारीख से जारी बताए जा रहे इस आदेश को फर्जी करार दिया है। मामले की जांच के लिए प्रदेश के 15 जिलों के जिला शिक्षा अधिकारियों (DEO) से तीन दिन के भीतर रिपोर्ट मांगी गई है।
लोक शिक्षण संचालनालय की ओर से 14 अक्टूबर 2026 को जारी पत्र में जिला शिक्षा अधिकारियों को आवश्यक जानकारी और संबंधित दस्तावेज उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। विभाग इस मामले में संबंधित शासकीय सेवकों की भूमिका की जानकारी जुटाएगा। जांच में तथ्यों के आधार पर नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
सरकारी लेटरहेड और हस्ताक्षर के कथित दुरुपयोग का मामला
विभाग के मुताबिक, कथित फर्जी स्थानांतरण आदेश तैयार करने के लिए छत्तीसगढ़ शासन के स्कूल शिक्षा विभाग के आधिकारिक लेटरहेड का इस्तेमाल किया गया। इसके साथ ही अवर सचिव आर.पी. वर्मा के नाम, पदमुद्रा और हस्ताक्षर का भी कथित तौर पर दुरुपयोग किया गया। यह आदेश क्रमांक ESTB-102/755/2026/20-3 के साथ 6 अगस्त 2026 की तारीख का बताया गया था। इसमें 19 शिक्षक और व्याख्याताओं के स्थानांतरण दर्शाए गए थे। लोक शिक्षण संचालनालय ने जांच के लिए आदेश को फर्जी बताया है।
15 जिलों के DEO से मांगी गई रिपोर्ट
लोक शिक्षण संचालनालय ने संबंधित जिला शिक्षा अधिकारियों से निर्धारित तीन दिन की समय-सीमा में जानकारी और दस्तावेज उपलब्ध कराने को कहा है। जांच का उद्देश्य कथित फर्जी आदेश से जुड़े तथ्यों और संबंधित शासकीय कर्मचारियों की भूमिका का पता लगाना है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि मामले में जांच के बाद नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मामले में जांच जारी है। कथित फर्जी आदेश की प्रति और विभाग की ओर से जारी पत्र के आधार पर आगे की कार्रवाई की जानकारी सामने आने की प्रतीक्षा है।



