कानपुर, 22 अप्रैल। IPL Betting Bust : कमिश्नरेट पुलिस ने ऑनलाइन IPL सट्टेबाजी के एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने ₹3 करोड़ 91 लाख 50 हजार नकद बरामद कर पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि गिरोह का मुख्य सरगना अब भी फरार है। मामले में आयकर विभाग की जांच भी जारी है।

मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई
पुलिस को संत नगर चौराहे पर चेकिंग के दौरान सूचना मिली कि गोविंद नगर पुल के नीचे एक कार में बैठे युवक मोबाइल ऐप के जरिए IPL मैचों पर सट्टा चला रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस ने घेराबंदी कर दबिश दी और मौके से दो आरोपियों कार्तिक लखवानी और राजकुमार को गिरफ्तार कर लिया। जांच में उनके मोबाइल से सट्टेबाजी से जुड़े ऐप, वेबसाइट, व्हाट्सएप चैट और लेन-देन के रिकॉर्ड मिले, जिससे बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ।
किदवई नगर में दूसरी दबिश
पूछताछ के आधार पर पुलिस ने किदवई नगर में छापा मारा, जहां से तीन अन्य आरोपी कल्पेश, रवि नाई और विष्णु को गिरफ्तार किया गया। ये सभी मोबाइल फोन के जरिए सट्टा संचालन कर रहे थे और पुलिस को देखकर साक्ष्य मिटाने की कोशिश कर रहे थे।
करोड़ों की नकदी बरामद
छापेमारी के दौरान पुलिस ने कुल ₹3,91,50,000 नकद, कई मोबाइल फोन और सट्टेबाजी से जुड़े उपकरण जब्त किए। इतनी बड़ी रकम से साफ है कि गिरोह लंबे समय से संगठित तरीके से अवैध कारोबार चला रहा था।
महाराष्ट्र से चल रहा था नेटवर्क
पुलिस के अनुसार, गिरोह का मास्टरमाइंड मनीष उर्फ ‘प्रोफेसर’ है, जो महाराष्ट्र से “Bet Hub 24” नामक ऐप के जरिए पूरे नेटवर्क को ऑपरेट कर रहा था। 1 लाख तक का लेन-देन ऑनलाइन। इससे अधिक रकम कैश में। युवकों को 13–20 हजार रुपये महीने पर रखा गया
आयकर विभाग भी जांच में शामिल
पुलिस ने पूरे मामले की जानकारी आयकर विभाग (IPL Betting Bust) को दे दी है। जब्त की गई राशि को विभाग को सौंपा जाएगा और आगे की कार्रवाई उनकी जांच रिपोर्ट के आधार पर होगी। इस कार्रवाई पर पुलिस आयुक्त ने टीम को ₹50,000 इनाम देने की घोषणा की है।

