काठमांडू, 31 अगस्त। Bank Rescue from Flood: नेपाल में भोटेकोशी नदी की विनाशकारी बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है। इस बीच बाढ़ प्रभावित इलाके से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है। नुवाकोट जिले के त्रिशूली इलाके में स्थित कृषि विकास बैंक की शाखा में बाढ़ का पानी घुस गया और पूरा परिसर जलमग्न हो गया। हालात कुछ सामान्य होने के बाद पुलिस और बचाव दल ने बैंक के भीतर फंसी करोड़ों की संपत्ति को सुरक्षित निकालने के लिए विशेष अभियान चलाया।
करीब 8 घंटे तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद बैंक से लगभग 50 करोड़ नेपाली रुपये मूल्य का सोना, करीब डेढ़ करोड़ नेपाली रुपये नकद, चांदी और अन्य कीमती सामान सुरक्षित बाहर निकाला गया।
बाढ़ के पानी और मलबे के बीच चला अभियान

पुलिस के मुताबिक, 10 भाद्र को आई भीषण बाढ़ से कृषि विकास बैंक की त्रिशूली-ढुंगे शाखा बुरी तरह प्रभावित हुई थी। बैंक परिसर में पानी और मलबा भर जाने के कारण लॉकर और अन्य महत्वपूर्ण हिस्सों तक पहुंचना बेहद मुश्किल हो गया था। इसके बावजूद पुलिस और संबंधित बचाव टीमों ने जोखिम के बीच अभियान शुरू किया। लगातार करीब 8 घंटे की मशक्कत के बाद बैंक में रखी कीमती धातुओं, नकदी और अन्य महत्वपूर्ण सामान को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
सोना, नकदी और जरूरी दस्तावेज भी सुरक्षित
अधिकारियों के अनुसार, रेस्क्यू अभियान के दौरान करीब 50 करोड़ नेपाली रुपये मूल्य का सोना बरामद किया गया। इसके अलावा लगभग 1.5 करोड़ नेपाली रुपये नकद, चांदी और अन्य कीमती सामान भी सुरक्षित निकाले गए। बैंक के कई महत्वपूर्ण दस्तावेजों को भी नुकसान से बचाकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया है। बैंक शाखा के पानी में डूबने के बाद सबसे बड़ी चिंता वहां रखे लॉकरों और नकदी की सुरक्षा को लेकर थी।
बैंक तक पहुंचना भी बना बड़ी चुनौती
भोटेकोशी नदी में आई बाढ़ ने नेपाल के कई इलाकों में जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। तेज बहाव के कारण सड़कें और आसपास के इलाके जलमग्न हो गए, जबकि कई जगहों पर भारी मलबा जमा हो गया। ऐसे हालात में त्रिशूली स्थित बैंक शाखा तक पहुंचना और फिर उसके भीतर से कीमती सामान को सुरक्षित निकालना प्रशासन के लिए बेहद चुनौतीपूर्ण रहा। बचाव दल ने जोखिम उठाते हुए बैंक के अंदर अभियान चलाया और एक-एक कर कीमती सामान को बाहर निकाला।
8 घंटे बाद मिली राहत
करीब 8 घंटे तक चले अभियान के बाद करोड़ों नेपाली रुपये मूल्य की संपत्ति सुरक्षित बरामद होने पर बैंक अधिकारियों और प्रशासन ने राहत की सांस ली है। हालांकि, इस घटना ने एक बार फिर प्राकृतिक आपदा के दौरान महत्वपूर्ण संस्थानों, बैंकिंग संपत्तियों और जरूरी दस्तावेजों की सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियों को सामने ला दिया है।
नेपाल में अब भी राहत-बचाव अभियान जारी
नेपाल में पिछले कई दिनों से जारी बाढ़ और प्राकृतिक आपदा के बीच बड़े पैमाने पर राहत और बचाव कार्य चल रहा है। प्रधानमंत्री बालेन शाह के मुताबिक, प्रभावित क्षेत्रों से अब तक 9,435 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है। राहत और बचाव अभियान के लिए कुल 394 उड़ानें संचालित की जा चुकी हैं। प्रभावित इलाकों में नेपाली सेना, नेपाल पुलिस और सशस्त्र पुलिस बल के 20,618 सुरक्षाकर्मी राहत एवं बचाव कार्य में जुटे हुए हैं।
हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट्स में भी जारी है रेस्क्यू
जलविद्युत परियोजना क्षेत्रों से नेपाली सेना के हेलीकॉप्टरों के जरिए 279 लोगों को सुरक्षित निकाला गया है। वहीं, भारतीय विशेषज्ञ टीम की मदद से रसुवा में अपर त्रिशूली-1 परियोजना के आसपास दो दिनों में 250 लोगों का रेस्क्यू किया गया। भारत के अलावा चीन और दक्षिण कोरिया के विशेषज्ञ दल भी नेपाली सेना के साथ मिलकर बचाव अभियान में सहयोग कर रहे हैं। भारतीय विशेषज्ञों की टीम सुरंग के भीतर करीब तीन किलोमीटर तक खोज अभियान चला रही है।
नेपाल में बाढ़ से भारी तबाही
नेपाल में आई इस प्राकृतिक आपदा ने कई इलाकों में सड़क, संचार और बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचाया है। बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में अब भी राहत सामग्री पहुंचाने और लापता लोगों की तलाश का काम जारी है। बाढ़ के बीच डूबे बैंक से करोड़ों नेपाली रुपये मूल्य के सोने और नकदी को सुरक्षित निकालने का यह अभियान राहत कार्यों के बीच एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।

