रायपुर, 9 अक्टूबर।Seva Sankalp Abhiyaan : सेवा संकल्प अभियान के तहत जिले में बच्चों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने और गंभीर बीमारियों का समय पर उपचार सुनिश्चित करने की दिशा में स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (चिरायु) के अंतर्गत स्वास्थ्य परीक्षण के दौरान जन्मजात हृदय रोग से पीड़ित पाए गए सात बच्चों को उपचार के लिए श्री बालाजी हॉस्पिटल, रायपुर भेजा गया है। इन सभी बच्चों का आयुष्मान भारत योजना के माध्यम से निःशुल्क उपचार किया जाएगा।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.अनिल कुमार जगत ने बताया कि चिरायु टीम द्वारा नियमित स्वास्थ्य परीक्षण किया जाता है। इसी दौरान तमनार विकासखंड से तीन, घरघोड़ा से दो, धरमजयगढ़ से एक तथा पुसौर से एक बच्चे में जन्मजात हृदय रोग की पहचान की गई। समय पर बीमारी की पहचान होने के बाद इन बच्चों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने के लिए उच्च स्वास्थ्य संस्थान रायपुर भेजने की व्यवस्था की गई। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (चिरायु) का उद्देश्य बच्चों में जन्मजात बीमारियों सहित विभिन्न स्वास्थ्य समस्याओं की पहचान कर उन्हें समय पर उचित उपचार उपलब्ध कराना है। इस पहल से जरूरतमंद बच्चों को बेहतर चिकित्सा सुविधा मिल सकेगी और उनके स्वस्थ जीवन की राह आसान होगी।
बच्चों को उपचार के लिए रायपुर भेजने के दौरान जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. भानु पटेल, जिला कार्यक्रम प्रबंधक सुश्री रंजना पैकरा, जिला नोडल अधिकारी चिरायु डॉ. राजेश मिश्रा, चिरायु टीम-बी तमनार के डॉ. एस.के. सोनवानी, फार्मासिस्ट श्री दिनेश साहू सहित विभिन्न विकासखंडों से आए चिरायु दल के कर्मचारी उपस्थित रहे।

