नई दिल्ली, 20 जुलाई। Dengue Vaccine India : हर साल मानसून के साथ बढ़ने वाले डेंगू के खतरे के बीच भारत के लिए बड़ी राहत की खबर आई है। ड्रग कंट्रोलर जनरल ऑफ इंडिया (DCGI) ने देश की पहली डेंगू वैक्सीन ‘QDENGA (क्यूडेंगा)’ को मंजूरी दे दी है। जापान की दवा कंपनी Takeda द्वारा विकसित इस वैक्सीन को 4 से 60 वर्ष आयु वर्ग के लोगों के लिए स्वीकृति मिली है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम डेंगू से होने वाली गंभीर बीमारी और अस्पताल में भर्ती होने के मामलों को कम करने में महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।
क्या है QDENGA वैक्सीन?
QDENGA भारत में मंजूर होने वाली पहली डेंगू वैक्सीन है। इसकी सबसे बड़ी खासियत यह है कि वैक्सीन लगवाने से पहले यह जांच कराने की जरूरत नहीं होगी कि व्यक्ति को पहले कभी डेंगू हुआ है या नहीं। यानी यह वैक्सीन पहले संक्रमित और कभी संक्रमित न हुए, दोनों तरह के लोगों को दी जा सकती है।
किसे और कैसे लगेगी वैक्सीन?
- आयु सीमा: 4 से 60 वर्ष
- कुल डोज: 2
- दोनों डोज के बीच अंतर: 3 महीने
- लगाने का तरीका: त्वचा के नीचे (Subcutaneous Injection)
क्यों अहम है यह मंजूरी?
भारत दुनिया के उन देशों में शामिल है जहां डेंगू का सबसे अधिक बोझ है। कंपनी के अनुसार, पिछले 20 वर्षों में भारत में डेंगू के रिपोर्टेड मामलों में लगभग 11 गुना वृद्धि हुई है। वर्ष 2025 में 1.13 लाख से अधिक मामले दर्ज किए गए थे, जबकि विशेषज्ञों का मानना है कि वास्तविक संख्या इससे कहीं अधिक हो सकती है।
चारों प्रकार के डेंगू वायरस से बचाव
QDENGA को डेंगू वायरस के चारों सीरोटाइप (DEN-1, DEN-2, DEN-3 और DEN-4) के खिलाफ सुरक्षा देने के उद्देश्य से विकसित किया गया है।
कितनी असरदार है वैक्सीन?
कंपनी के अनुसार:
- 28,000 से अधिक लोगों पर क्लीनिकल ट्रायल
- दूसरी डोज के 12 महीने बाद 80.2% प्रभावशीलता
- डेंगू के कारण अस्पताल में भर्ती होने का खतरा 90.4% तक कम
- 4.5 साल बाद भी अस्पताल में भर्ती होने से बचाव में 84.1% प्रभावी
- 7 साल तक सुरक्षा और प्रभावशीलता के प्रमाण
WHO भी कर चुका है सिफारिश
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) पहले ही QDENGA की सिफारिश कर चुका है। WHO के अनुसार, जिन देशों में डेंगू का खतरा अधिक है, वहां इसे सार्वजनिक टीकाकरण कार्यक्रम में शामिल किया जा सकता है। वैक्सीन को WHO की प्रीक्वालिफिकेशन भी प्राप्त है।
43 देशों में मिल चुकी है मंजूरी
QDENGA को अब तक भारत सहित 43 देशों में मंजूरी मिल चुकी है। दुनिया भर में इसकी 3.2 करोड़ (32 मिलियन) से अधिक डोज वितरित की जा चुकी हैं। ब्राजील, अर्जेंटीना, कोलंबिया और इंडोनेशिया जैसे देशों में इसे सार्वजनिक टीकाकरण कार्यक्रम का हिस्सा बनाया गया है।
वैक्सीन के बाद भी रखें ये सावधानियां
विशेषज्ञों के अनुसार, वैक्सीन सुरक्षा का मजबूत माध्यम है, लेकिन मच्छरों से बचाव के उपाय जारी रखना भी जरूरी है।
- घर के आसपास पानी जमा न होने दें।
- पूरी बाजू के कपड़े पहनें।
- मच्छरदानी और रिपेलेंट का उपयोग करें।
- तेज बुखार, शरीर दर्द या डेंगू के लक्षण दिखने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
नोट: वैक्सीन लगवाने से पहले अपनी उम्र, स्वास्थ्य स्थिति और चिकित्सकीय सलाह के अनुसार निर्णय लें।

