रायपुर, 04 जून। Bharatmala Scam : छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित भारतमाला परियोजना मुआवजा घोटाले में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पहली गिरफ्तारी की है। ईडी ने अभनपुर के कारोबारी जयप्रकाश गांधी को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को विशेष अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे दो दिन की रिमांड पर ईडी को सौंप दिया गया।
छापेमारी के बाद हुई कार्रवाई
जानकारी के मुताबिक 27 अप्रैल को ईडी ने जयप्रकाश गांधी के ठिकानों पर छापेमारी की थी। इस दौरान एजेंसी को कई अहम दस्तावेज, वित्तीय रिकॉर्ड और संदिग्ध लेनदेन से जुड़े सबूत मिले थे। जांच में मिले तथ्यों के आधार पर एजेंसी ने आगे की कार्रवाई करते हुए गिरफ्तारी की।
एक दिन पहले कोर्ट में पेश किया था परिवाद
सूत्रों के अनुसार गिरफ्तारी से एक दिन पहले ईडी ने विशेष अदालत में इस मामले को लेकर परिवाद (कंप्लेंट) पेश किया था। इसके बाद आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की गई।
किसानों के मुआवजे में गड़बड़ी का आरोप
ईडी की जांच में सामने आया है कि भारतमाला परियोजना के तहत भूमि अधिग्रहण के दौरान किसानों को मिलने वाले मुआवजे में बड़े स्तर पर अनियमितताएं की गईं। आरोप है कि कुछ किसानों को वास्तविक राशि का केवल एक हिस्सा दिया गया, जबकि बाकी रकम फर्जी लेनदेन और साजिश के जरिए हड़प ली गई।
चार आरोपी जांच के घेरे में
एजेंसी ने इस मामले में मुख्य आरोपी हरमीत सिंह खनूजा समेत कुल चार लोगों को आरोपी बनाया है। ईडी को आशंका है कि मुआवजा वितरण प्रक्रिया में संगठित तरीके से वित्तीय गड़बड़ी की गई और सरकारी धन का दुरुपयोग हुआ।
और बढ़ सकता है जांच का दायरा
जयप्रकाश गांधी की गिरफ्तारी के बाद अब इस मामले में जांच का दायरा और बढ़ने की संभावना जताई जा रही है। ईडी रिमांड के दौरान आरोपी से पूछताछ कर घोटाले में शामिल अन्य लोगों, संदिग्ध संपत्तियों और पैसों के लेनदेन की जानकारी जुटा रही है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में इस मामले में और भी बड़े खुलासे और नई गिरफ्तारियां हो सकती हैं।

